साधना, त्याग और संत परंपरा का पावन संगम
यह स्थान सदियों से विरक्त महात्माओं और तपस्वियों की गंभीर साधना का साक्षी रहा है।
अयोध्या की आध्यात्मिक संस्कृति को संजोने वाला यह परिसर धार्मिक इतिहास में विशेष स्थान रखता है।
यहाँ की सादगी भक्तों को 'सादा जीवन-उच्च विचार' के आदर्श को जीने की प्रेरणा देती है।
जहाँ हर कोना भक्ति और वैराग्य की गाथा कहता है...
तपस्वी जी की छावनी अयोध्या का वह स्थल है जहाँ पहुँचते ही मन संसार के शोर-शराबे से दूर ईश्वर में रमने लगता है। यहाँ की परंपरा अत्यंत प्राचीन है और यहाँ के संतों ने हमेशा मानवता और धर्म की सेवा का मार्ग दिखाया है।
यहाँ नियमित रूप से सत्संग और भजन संध्या का आयोजन होता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग लेकर आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करते हैं। यहाँ की शांति ही इसकी सबसे बड़ी पूंजी है।
प्रातः 06:00 AM से रात्रि 08:00 PM
परिशर में स्वच्छता और शांति का विशेष ध्यान रखें।
निस्वार्थ सेवा और समर्पण के साथ हर श्रद्धालु का स्वागत।
सनातन संस्कृति और वैदिक ज्ञान का पवित्र संगम।
सरयू तट की पावन वायु और शांत आध्यात्मिक वातावरण।